मुजफ्फरपुर में आधारभूत संरचना को रफ्तार: डीएम ने गंडक नदी पर पुल परियोजना का किया निरीक्षण

मुजफ्फरपुर जिले में आधारभूत संरचना के विकास कार्यों को तेज गति देने की दिशा में प्रशासन लगातार सक्रिय है। इसी क्रम में जिलाधिकारी श्री सुब्रत कुमार सेन ने अधिकारियों की टीम के साथ विभिन्न निर्माणाधीन परियोजनाओं का स्थल निरीक्षण कर जमीनी हकीकत का जायजा लिया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने गंडक नदी पर फतेहाबाद से चंचलिया के बीच बनने वाले उच्च स्तरीय आरसीसी पुल परियोजना का विस्तार से अवलोकन किया। यह परियोजना जिले के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण मानी जा रही है, जिससे आवागमन की सुविधा बेहतर होगी और क्षेत्रीय विकास को गति मिलेगी।
उल्लेखनीय है कि मुख्य पुल की लंबाई 2280 मीटर निर्धारित है, जबकि पुल सहित एप्रोच पथ की कुल लंबाई 5.18 किलोमीटर है। वर्तमान में चंचलिया की ओर सर्वेक्षण और मिट्टी परीक्षण (स्वायल टेस्ट) का कार्य प्रगति पर है।जिलाधिकारी को यह भी जानकारी दी गई कि चंचलिया की ओर 150 मीटर लंबाई के तीन अतिरिक्त पुलों का निर्माण प्रस्तावित है।
इन पुलों के निर्माण की तैयारी अंतिम चरण में है और इसी माह के अंत तक कार्य शुरू कर दिये जाने की संभावना है। जिलाधिकारी ने निर्माण कार्यों को गुणवत्ता के साथ समयबद्ध तरीके से पूरा करने का निर्देश दिया।
इसके अलावा आदिलवाड़ी-मानिकपुर खंड की भी समीक्षा की गई। इस खंड के अंतर्गत 6 मौजा में कुल 36.58 करोड़ रुपये की प्राक्कलित राशि राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) द्वारा स्वीकृत की गई है।
अब तक अर्जित भूमि के एवज में 15.68 करोड़ रुपये का मुआवजा वितरित किया जा चुका है। जिलाधिकारी ने शेष भुगतान शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए ताकि परियोजना में किसी प्रकार की बाधा न आए।
मानिकपुर-साहेबगंज खंड में भी भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया तेजी से जारी है।
इस परियोजना के अंतर्गत 36 मौजा में 183.7995 हेक्टेयर भूमि अर्जित की जा चुकी है। इस परियोजना के लिए NHAI द्वारा 413.02 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई है, जिसमें से अब तक 326 करोड़ रुपये का भुगतान किया जा चुका है।

जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि शेष मुआवजा राशि का वितरण शीघ्र पूरा किया जाए और भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाये रखी जाए।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि जिले में विकास परियोजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जायेगा। उन्होंने अधिकारियों को नियमित मॉनिटरिंग करने, कार्य में गुणवत्ता सुनिश्चित करने तथा किसी भी प्रकार की लापरवाही पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी।
उन्होंने कहा कि इन परियोजनाओं के पूरा होने से क्षेत्र में आवागमन सुगम होगा, व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा और आम लोगों को बड़ी राहत मिलेगी।