उदाकिशुनगंज में बामसेफ का जिला अधिवेशन संपन्न

उदाकिशुनगंज में बामसेफ का जिला अधिवेशन संपन्न

उदाकिशुनगंज अनुमंडल मुख्यालय स्थित बीएस  चंद्रकांता महाविद्यालय में शुक्रवार को बामसेफ भारत मुक्ति मोर्चा एवं ऑफशुट संगठनों का संयुक्त जिला अधिवेशन संपन्न हुआ । जिसकी अध्यक्षता बम सेफ के जिला अध्यक्ष सुबोध सौरभ ने किया।  कार्यक्रम का शुभारंभ चंद्रकांता कॉलेज के प्राचार्य प्रो. रविंद्र कुमार रमन ने किया । जबकि कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर एचएस कॉलेज उदाकिशुनगंज के प्राचार्य डा. प्रो. जवाहर पासवान, उदाकिशुनगंज के पूर्व प्रमुख विकास चंद्र यादव, आरएमबीबीएस के प्रदेश प्रभारी सुभाष पासवान, विशिष्ट अतिथि उदाकिशुनगंज के प्रमुख प्रतिनिधि अमित कुमार शामिल हुए।

वक्ताओं में बामसेफ के प्रदेश महासचिव किशोर क्रांति, जिला उपाध्यक्ष संजय कुमार, चंद्रमोलेश्वर दर्वे, मणि राम, प्रो. जेके पासवान, डा. पीके रंजन, महेंद्र कुमार बौद्ध, मंतोष कुमार, विजय पासवान, राजेश रमण मौजूद थे। वक्ताओं ने ओबीसी और एससी-एसटी वर्ग के साथ हो रहें परेशानी पर अपने अपने विचार रखे। वक्ताओ में बामसेफ के प्रदेश महासचिव किशोर क्रांति ने कहा कि केंद्र की बीजेपी सरकार द्वारा कैबिनेट में ओबीसी की जाति आधारित जनगणना का फैसला करने के बावजूद नोटिफिकेशन में ओबीसी की जातियां का कालम नहीं दिया गया है। घोषणा के बावजूद ओबीसी जाति का  कालम का नहीं होना इस वर्ग के साथ धोखापन है।

कहा कि एससी-एसटी और ओबीसी के समर्थन में सख्त यूजीसी इक्विटी रेगूलेशन लागू नहीं करना शाषक जातियों एवं न्यायपालिका की आपसी मिलीभगत का षड्यंत्र है। इस मामले को काफी गंभीर विश्लेषण करना बताया गया। 2011 से पूर्व नियुक्त शिक्षकों को पात्रता परीक्षा अनिवार्य करना शिक्षा क्षेत्र से एससी-एसटी और ओबीसी को शिक्षण कार्य से मुक्त करने का षड्यंत्र है। उन्होंने कहा कि मूलनिवासी बहुजन महापुरुषों के संयुक्त जन्म जयंती मनाने से समाज जागृत करना है। इससे महापुरुषों के अधूरे कार्यों को पूरा किया जा सकता है।