सिवनी कलेक्टर श्रीमती नेहा मीना की अध्यक्षता में शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में जिला स्तरीय परामर्शदात्री समिति (डीएलसीसी) की बैठक आयोजित की गई। बैठक में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए संचालित विभिन्न स्वरोजगार योजनाओं, हितग्राहियों को बैंक ऋण उपलब्ध कराने, विभागवार लक्ष्यों की प्रगति, बैंकिंग समन्वय तथा मुख्यमंत्री हेल्पलाइन के लंबित प्रकरणों की विस्तृत समीक्षा की गई। कलेक्टर ने सभी विभागों एवं बैंकर्स को बेहतर समन्वय के साथ कार्य करते हुए पात्र हितग्राहियों को समय पर योजनाओं का लाभ सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए।
बैठक में जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र की मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना, जनजातीय कार्य विभाग एवं पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण विभाग की स्वरोजगार योजनाएं, राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम), प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना (पीएमएफएमई), प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना, प्रधानमंत्री मत्स्य सम्पदा योजना तथा किसान क्रेडिट कार्ड की प्रगति की विभागवार समीक्षा की गई। इसी प्रकार प्रधानमंत्री स्वनिधि तथा पशुपालन एवं डेयरी विभाग की आचार्य विद्यासागर गौ संवर्धन योजना एवं डॉ. भीमराव अंबेडकर कामधेनु योजना के लक्ष्य एवं उपलब्धियों का भी अवलोकन किया गया।
समीक्षा के दौरान कलेक्टर श्रीमती मीना ने निर्देश दिए कि सभी विभाग निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप पात्र हितग्राहियों का चयन कर समय पर प्रकरण तैयार करें तथा बैंकों के साथ समन्वय स्थापित कर ऋण स्वीकृति सुनिश्चित करें। उन्होंने बैंक अधिकारियों से कहा कि विभिन्न योजनाओं के प्रस्तुत ऋण प्रकरणों का प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र निराकरण किया जाए, ताकि पात्र हितग्राही स्वरोजगार गतिविधियों से जुड़कर आत्मनिर्भर बन सकें।
राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत स्व-सहायता समूहों को कैश क्रेडिट लिमिट (सीसीएल) उपलब्ध कराने की प्रगति की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने अधिक से अधिक समूहों को बैंकिंग सुविधाओं से जोड़ने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि महिला स्व-सहायता समूहों को वित्तीय सहायता उपलब्ध कराने में किसी प्रकार की शिथिलता नहीं बरती जाए तथा बैंक और संबंधित विभाग नियमित समन्वय बनाए रखें।
बैठक के दौरान बैंकों से सम्बंधित मुख्यमंत्री हेल्पलाइन में लंबित शिकायतों की बैंकवार समीक्षा करते हुए कलेक्टर श्रीमती मीना ने सभी बैंकर्स को शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण, तथ्यपरक एवं समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अनावश्यक रूप से कोई भी प्रकरण लंबित नहीं रहना चाहिए तथा शिकायतों के निराकरण की नियमित मॉनिटरिंग की जाए।
बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्रीमती अंजली शाह, विभिन्न विभागों के जिला अधिकारी, जिले के सभी प्रमुख बैंकर्स एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। CM Madhya Pradesh Dr Mohan Yadav Jansampark Madhya Pradesh #seoni






No comments yet. Be the first to comment!