भागलपुर के समीक्षा भवन में जिला कार्यक्रम कार्यान्वयन समिति (20 सूत्री) की बैठक, मंत्री ने लिया हिस्सा

By Gaurav Kabir

Published on: अभी-अभी

भागलपुर, 15 जून भागलपुर के समीक्षा भवन में जिला कार्यक्रम कार्यान्वयन समिति (20 सूत्री) की बैठक माननीय मंत्री, नगर विकास एवं आवास तथा सूचना एवं प्रौद्योगिकी विभाग सह भागलपुर जिला के प्रभारी मंत्री नीतीश मिश्रा

भागलपुर, 15 जून भागलपुर के समीक्षा भवन में जिला कार्यक्रम कार्यान्वयन समिति (20 सूत्री) की बैठक माननीय मंत्री, नगर विकास एवं आवास तथा सूचना एवं प्रौद्योगिकी विभाग सह भागलपुर जिला के प्रभारी मंत्री नीतीश मिश्रा की अध्यक्षता में आयोजित की गई!


बैठक में माननीय पथ निर्माण मंत्री इंजी. कुमार शैलेंद्र, माननीय सांसद श्री अजय कुमार मंडल, माननीय विधायक सुल्तानगंज श्री ललित नारायण मंडल, माननीय विधायक कहलगांव श्री शुभानंद मुकेश, माननीय विधायक पीरपैंती श्री मुरारी पासवान, माननीय विधायक नाथनगर श्री मिथुन कुमार, जिला कार्यक्रम क्रियान्वयन समिति (20 सूत्री) के उपाध्यक्ष श्री संतोष कुमार साह एवं श्री विपिन बिहारी सिंह, जिला परिषद अध्यक्ष श्री विपिन मंडल, भागलपुर नगर निगम की महापौर डॉ वसुंधरा लाल तथा समिति के सदस्यगण उपस्थित थे।


जिला प्रशासन से जिलाधिकारी डॉ. नवल किशोर चौधरी, वरीय पुलिस अधीक्षक श्री प्रमोद कुमार यादव, पुलिस अधीक्षक (नवगछिया) श्री वैभव शर्मा, नगर पुलिस अधीक्षक श्री शैलेन्द्र कुमार सिंह, उप विकास आयुक्त श्री प्रदीप कुमार सिंह, अनुमंडल पदाधिकारी कहलगांव श्री कृष्ण चंद्रगुप्त, अपर समाहर्ता श्री दिनेश राम सहित सभी संबंधित विभागों के पदाधिकारी उपस्थित थे।


बैठक में जिलाधिकारी द्वारा पावर प्वाइंट प्रस्तुतीकरण के माध्यम से जिले में संचालित विभिन्न योजनाओं एवं विकासात्मक कार्यक्रमों की विस्तृत जानकारी दी गई। उन्होंने बताया कि जिले में प्रतिदिन लगभग 2.79 लाख बच्चों को प्रतिदिन मध्याह्न भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है। सभी प्रखंडों में डिग्री कॉलेज स्थापित करने की दिशा में कार्य किया जा रहा है तथा आगामी 1 जुलाई से छह प्रखंडों में डिग्री कॉलेजों का संचालन प्रारंभ होगा। पीएम श्री विद्यालय एवं मॉडल स्कूलों में नामांकन अभियान चलाया जा रहा है।


जिलाधिकारी ने बताया कि सहयोग पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के निष्पादन में भागलपुर जिला बिहार में तीसरे स्थान पर है तथा अधिकांश मामलों का समाधान सात दिनों के भीतर किया जा रहा है। जिले में उर्वरकों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित है तथा अनियमितता बरतने वाले आठ उर्वरक विक्रेताओं के लाइसेंस रद्द किए गए हैं।


सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के अंतर्गत लगभग 3.38 लाख लाभार्थियों को पेंशन का लाभ दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना एवं प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना में भी जिले का प्रदर्शन अच्छी है। अनुसूचित जाति एवं जनजाति छात्रावास/ विद्यालय संचालित है। अनुसूचित जाति एवं जनजाति
अत्याचार निवारण अधिनियम के अंतर्गत कार्रवाई की जा रही है। प्राक्-प्रशिक्षण केंद्र संचालित है। अन्य पिछड़ा वर्ग कन्या आवासीय विद्यालय शाहकुंड एवं अल्पसंख्यक छात्रावासों के संचालन की जानकारी भी प्रस्तुत की गई।


रोजगार एवं स्वरोजगार योजनाओं के संबंध में बताया गया कि प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (PMEGP) के अंतर्गत लक्ष्य के विरूद्ध 190 प्रतिशत आवेदनों की स्वीकृतिय प्रदान की गई है तथा पीएम विश्वकर्मा योजना के तहत 884 लाभार्थियों का चयन किया गया है।
मत्स्य पालन क्षेत्र में जिले के 12,660 मत्स्य पालक सक्रिय हैं। जिले में 834 सरकारी तालाब उपलब्ध हैं तथा लगभग 23.30 टीएमटी मछली उत्पादन किया जा रहा है। बिहपुर एवं कहलगांव में हेचरी का निर्माण किया गया है तथा बिहपुर में रिक्रिएशन फिश पार्क विकसित किया गया है।


पंचायती राज विभाग की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए बताया गया कि जिले में 86 पंचायत सरकार भवन संचालित हैं जबकि 126 भवन निर्माणाधीन हैं। इसके अतिरिक्त लगभग 25 हजार सोलर लाइटें स्थापित की जा चुकी हैं। आरटीपीएस रैंकिंग में जिला प्रथम स्थान पर है। प्रधानमंत्री आवास योजना की उपलब्धि 98 प्रतिशत तथा बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना की उपलब्धि 85 प्रतिशत दर्ज की गई है।


जीविका कार्यक्रम के अंतर्गत महिलाओं के सशक्तिकरण की चर्चा करते हुए बताया गया कि जीविका दीदियों की संख्या 3.30 लाख से बढ़कर 5.21 लाख हो गई है। उन्हें विभिन्न योजनाओं के माध्यम से वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई जा रही है तथा जीविका दीदी की रसोई को भी प्रोत्साहित किया जा रहा है।


आपदा प्रबंधन की तैयारियों पर प्रकाश डालते हुए जिलाधिकारी ने बताया कि गत वर्ष 187 राहत शिविरों का संचालन किया गया था तथा 1.33 लाख प्रभावित लोगों को अनुग्रह अनुदान उपलब्ध कराया गया। कोविड अवधि से संबंधित कोई भी भुगतान लंबित नहीं है। संभावित बाढ़ एवं सुखाड़ से निपटने के लिए व्यापक तैयारी की गई है।

जिले में 501 आपदा मित्र एवं 261 प्रशिक्षित गोताखोर उपलब्ध हैं। 76 वाटर टैंकर तथा 41 प्रकार की आवश्यक दवाओं की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। इसी प्रकार उन्होंने स्वास्थ्य विभाग, राजस्व विभाग, पशुपालन विभाग, जल जीवन हरियाली के अंतर्गत योजनाओं की जानकारी दी।


बैठक के दौरान समिति के सदस्यों ने क्रमवार अपने-अपने क्षेत्रों की समस्याओं, विकास संबंधी आवश्यकताओं एवं जनहित के मुद्दों को उठाया। सदस्यों द्वारा सड़क, पुल पुलिया, सिंचाई, शिक्षा, बिजली, स्वास्थ्य, विद्युत, पेयजल एवं अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं से संबंधित सुझाव एवं समस्याएं रखी गईं।


बैठक में समिति के सदस्य श्री त्रिपुरारी कुमार भारती, श्री संजय साह, श्री अर्जुन प्रसाद साह, श्री विभूति प्रसाद गोस्वामी, श्री सुधांशु शेखर, श्रीमती नीता देवी, श्री हीरालाल पांडेय, श्री संजीत राय, श्री मदन राम, श्री मुक्तिनाथ सिंह, श्री विनोद मंडल, श्री सुमन कुमार, श्री प्रमोद मंडल, श्री अमरदीप साह, श्री अशोक रजक, श्री सुबोध कुमार अमन, समिति के
उपाध्यक्ष श्री विपिन बिहारी सिंह एवं श्री संतोष कुमार साह सहित अन्य सदस्यों ने अपने विचार एवं सुझाव प्रस्तुत किए। जिला परिषद अध्यक्ष, महापौर, माननीय सांसद भागलपुर, सभी माननीय विधायकगण एवं पथ निर्माण मंत्री द्वारा भी अपने क्षेत्रों की विकासात्मक आवश्यकताओं से समिति को अवगत कराया गया।


बैठक के अंत में माननीय प्रभारी मंत्री श्री नीतीश मिश्रा ने कहा कि जिला प्रशासन की प्रस्तुतीकरण से स्पष्ट है कि जिले में विभिन्न योजनाओं का क्रियान्वयन प्रभावी ढंग से किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि भागलपुर को विकास के नए आयामों तक पहुंचाने के लिए सभी विभागों को समन्वय के साथ कार्य करना होगा। हम ऊपर की और बढ़ रहे हैं। कोई महत्वपूर्ण योजना मुख्यालय स्तर पर लंबित है तो उसे बोर्ड अथवा उच्चस्तरीय बैठकों में प्राथमिकता से रखें।


उन्होंने कहा कि माननीय मुख्यमंत्री भागलपुर के सर्वांगीण विकास के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध हैं। माननीय मंत्री ने सभी जनप्रतिनिधियों एवं समिति सदस्यों द्वारा दिए गए सुझावों की सराहना की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे 20 सूत्री समिति के सदस्यों एवं जनप्रतिनिधियों के दूरभाष कॉल एवं सुझावों को गंभीरता से लें।


माननीय प्रभारी मंत्री ने कहा कि जिला कार्यक्रम क्रियान्वयन समिति (20 सूत्री) सरकार की महत्वपूर्ण निगरानी एवं जनभागीदारी आधारित ईकाई है। इसके सदस्यों को भी सहयोग शिविर कार्यक्रमों में जाना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को संवेदनशीलता एवं जवाबदेही के साथ कार्य करने तथा जन आकांक्षाओं के अनुरूप बेहतर भागलपुर के निर्माण हेतु समर्पित भाव से कार्य करने का निर्देश दिया।

Dr Nawal Kishor
District Administration Patna
DM Darbhanga
District Administration, Madhubani
Madhepura District Administration
JEEVIKA Bihar
Bhagalpur Police
DM & Collector, Banka

💬 Comments
?

No comments yet. Be the first to comment!

खबरें और भी arrow-right Created with Sketch Beta.